मस्जिद को ध्वस्तीकरण के दिए गए थे आदेश
सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित पुरानी मस्जिद को सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण बताकर हटाने और 6.41 करोड़ रुपये जुर्माना लगाने का आदेश दिया गया था, जिस पर जिला अदालत ने फिलहाल ध्वस्तीकरण और जुर्माने की वसूली पर रोक (स्टे) लगा दी है। इस मामले में मस्जिद पक्ष की और से आर्गुमेंट रखने वाले अधिवक्ता नौशाद अली व परवेज जवावर,तनवीर,मुर्तजा हैदर,अयूब कादरी,अंजार अहमद को उनके चेंबर पर जाकर आजाद समाज पार्टी के राष्ट्रिय अध्यक्ष नगीना सांसद चन्द्रशेखर आजाद के निर्देश अनुसार पांच सदस्य दल अफजाल खान अध्यक्ष नानौता,टीपी सिंह मंडल प्रभारी सहारनपुर मुरादाबाद,जिला अध्यक्ष सचिन खुराना,जिला उपाध्यक्ष पृथ्वीराज सिंह,राव केसर नकुड विधानसभा प्रभारी,अनिल रावण विधानसभा अध्यक्ष गंगोह द्वारा भारतीय संविधान पुस्तक भेंट कर सोल पहनाकर सम्मानित किया
आपको बताते चले सहारनपुर कलैक्ट्रेट में स्थित 100 साल पुरानी मस्जिद को ध्वस्तीकरण करने का आदेश दिया गया था,उस पर जिला जज की अदालत ने अपील याचिका की सुनवाई पर तमाम सबूत और तर्क देखे और स्टे का फैसला दिया है. कलैक्ट्रेट की इस मस्जिद को निचली अदालत ने “सरकारी भूमि पर निर्मित और अवैध” बताते हुए ध्वस्तीकरण का आदेश जारी किया था.यह गाटा संख्या- 539 में बनी मस्जिद वालिद खां और याकूब खां के नाम पर है. यह जमीन उन्हीं ने कलैक्ट्रेट, कोषागार और तहसील बनाने के लिए डोनेट की थी. 1911 का बिजली का बिल भी कोर्ट में जमा किया है वह भी पोर्टल से निकालकर. इसी जमीन में एक मंदिर भी बनाया गया है



