उत्तर प्रदेश के हापुड़ से नकली खाद के कारोबार का मामला सामने आया है जिस से किसानो के साथ धोखा और फसलो को बर्बाद किया जा रहा है,हापुड़ में नकली DAP की फैक्ट्री पकड़ी गयी है. यहां एक फैक्ट्री में सफेद क्रिस्टल पाउडर से नकली DAP तैयार की जाती थी. नकली DAP को इंडियन पोटाश लिमिटेड के असली जैसे दिखने वाले पैकेट्स में भरकर बेचा जाता था. जिला कृषि अधिकारी गौरव प्रकाश ने 3 के खिलाफ केस दर्ज कराया है.
क्रषि विभाग की कार्यवाही के बाद स्थानीय किसानो ने नाराज़गी जताते हुए कहा हापुड़ नकली खाद बिक्री और सरकारी खाद की लूट का बड़ा अड्डा बन चुका है. नकली पेस्टीसाइड्स के खेल भी यहां सामने आ चुके है. हापुड़ में आने वाली सब्सिाइड यूरिया को ब्लैक में बेचने का धंधा भी पिछले दिनों सामने आया था. लेकिन हैरत की बात है कि किसानों की शिकायत पर हुई जांच के बाद किसी अधिकारी की जिम्मेदारी सरकार ने तय नही की.
नकली खाद के कारोबार से नाराज़ किसानो ने कहा दरअसल, अफसर और ब्लैकमाफियाओं का सिडिंकेट इतना तगड़ा है कि असल कार्रवाई हो ही नही पाती. जो सिडिंकेट में बाधा है या फिर जिसे आउट करना है, तभी कार्रवाई होती है. किसान लंबी लाइनों में सरकार से झोली फैलाकर अपने हक की खाद मांगता रह जाता है और माफिया मालामाल होता रहता है.



