सहारनपुर। समाजवादी पार्टी राष्ट्रिय अध्यक्ष अखिलेश यादव के सहारनपुर दौरे से जनपद में आगामी विधानसभा चुनाव का माहौल एक बार फिर गरमा गया है,विधानसभा चुनवा लड़ने की होड़ में लगे होल्डिंग अपनी अपनी दावेदारी ठोकने के लिए लगाये गए है,लेकिन अखिलेश यादव इस बार कोई रिश्क नही लेना चाहते इस बार वह एक एक सीट को बारीकी से देख रहे है,इसी को लेकर उन्होंने जनपद में चौधरी आवास,पूर्व सांसद आवास,पूर्व विधायक आवास का दौरा कर पार्टी पदाधिकारियों से बात कर जनपद के समीकरण को अच्छे से जाना।
6 सितंबर को प्रस्तावित जनसभा स्थगित होने के बाद अखिलेश यादव मंगलवार की दोपहर सहारनपुर के सरसावा एयरपोर्ट पहुंचे जहां से वह सीधे चौधरी रूद्र सेन के आवास पर गए उन्होंने चौधरी परिवार व सांसद इकरा हसन से लम्बी वार्ता करने से पहले मंदिर में पूजा-अर्चना की इसके बाद चौधरी रूद्र सेन एवं चौधरी इंद्रसेन के आवास पर ही पार्टी पदाधिकारियों के साथ दोपहर का भोजन किया,करीब 2 घंटे से अधिक लम्बी वार्ताओ के साथ रूद्र सेन के आवास पर समय बिताया,इसके बाद देवबंद के पूर्व विधायक मनोज चौधरी के आवास पहुंचे,अखिलेश यादव सहारनपुर लोकसभा सीट से पूर्व सांसद हाजी फजलुर रहमान के आवास पहुंचे,जहां रास्ते में ही श्रीपाल राणा व कार्तिकेय राणा ने भी अखिलेश यादव का फूल मालाओं से जोरदार स्वागत किया।
6 सितंबर को प्रस्तावित जनसभा स्थगित होने के बाद अखिलेश यादव का आज का दौरा सियासी तौर पर अहम माना जा रहा है,इस लिए कि चुनाव का समय करीब आ रहा है और गठबंधन व टिकटों के बटवारे में हो रही देरी के कारण चर्चा का विषय बना हुआ है,मीडिया से बातचीत में अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला,उन्होंने गंगा एक्सप्रेसवे को लेकर कहा “मां गंगा अगर बुलाई तो गंगा एक्सप्रेसवे पर मत जाना”अखिलेश यादव ने भाजपा नेताओं को भी गंगा एक्सप्रेसवे को लेकर हिदायत दी,आरोप लगाया कि एक्सप्रेसवे भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गए हैं,गठबंधन को लेकर बोले जो गठबंधन पहले से है, वही आगे रहेगा,उन्होंने अंत में कहा 2027 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाने का काम होगा।



